यमुनानगर. 12 जून(वार्ता) जिस युवती ने वकालत कर समाज की पीड़ित महिलाओं को इंसाफ दिलाने का सपना देखा था वही शादी के बाद तीन तलाक कहकर घर से बाहर निकाल दी गई।
हिमाचल में ब्याही यमुनानगर की इस महिला का आरोप है कि देवर ने उसके साथ अश्लील हरकतें की तथा ननद, सास और ससुर ने उसके साथ मारपीट की। उसकी इस शिकायत पर हरियाणा में यमुनानगर सदन पुलिस ने महिला के पति, सास, ससुर, ननद और देवर पर मामला दर्ज कर लिया है।


पीड़िता शिकायत में कहा कि गत फरवरी में उसकी शादी हुई थी। परिवार वालों ने 30 लाख रुपये शादी पर खर्च किए थे। शादी में उसके पिता ने कार दी थी। शादी के कुछ दिन बाद ही उसके ससुराल वाले उसे दहेज में छोटी कार लाने के लिये कथित तौर पर परेशान करने लगे। उसने यह बात अपने पिता को बताई तो उन्होंने ससुराल वालों को दो लाख रुपये नकद दे दिए। इसके बाद कुछ दिन तक तो ससुराल वाले ठीक रहे, लेकिन बाद में फिर से ताने मारने लगे।


महिला का कहना है कि वह वकालत की पढ़ाई कर रही है। ससुराल वाले उसे पढ़ने भी नहीं देते और कहते हैं उसे पढ़ने की कोई जरूरत नहीं है। यहां तक कि उन्होंने उसकी किताबें फाड़ कर उनमें आग लगा दी। पीड़िता का कहना है कि वह अपनी पढ़ाई जारी रखेगी और वकील बन कर पीड़ित महिलाओं को इंसाफ दिलाने के लिए कार्य करेगी। पीड़िता ने बताया कि एक दिन घर में अकेले होने पर देवर ने उसके साथ कथित तौर अश्लील हरकत की। यह बात जब उसने अपने पति को बताई तो वह उसे ही गलत कहने लगा तथा तीन बार तलाक-तलाक-तलाक कहकर घर से निकाल दिया। उसने जब अपने परिजनों को इस बारे में बताया और वे उसे घर ले आये। वहीं युवती के पिता का कहना है कि वह अपनी लड़की को पूरी पढ़ाई करा कर अपने पैरों पर खड़ा करेंगे।
यमुनानगर सदर थाना अधिकारी भूप सिंह ने बताया कि महिला की शिकायत पर उसके पति, देवर, सास, ससुर और ननद के खिलाफ धारा 498ए, 354 और 506 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और शीघ्र ही आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएंगी।