श्रीनगर ,04 जून भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने गुरूवार को राजनीतिक नेताओं और कार्यकर्ताओं को तुरंत रिहा करने का आग्रह करते हुए कहा कि राजनीतिक नेताओं की लंबी हिरासत कश्मीर में अशांति का संकेत है।
भाकपा नेता मोहम्मद यूसुफ तारिगामी ने यहां जारी एक बयान में कहा, “जेएंडके पीपुल्स मूवमेंट के नेता शाह फैसल और दो पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) के नेताओं सरताज मदनी और पीर मंसूर को कल हिरासत से रिहा कर दिया गया। पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती, नईम अख्तर, नेशनल कांफ्रेस (एनसी) के महासचिव अली मोहम्मद सागर और हिलाल अकबर लोन को बिना किसी देरी के रिहा किया जाना चाहिए।”


श्री तारिगामी ने कहा कि पीपुल्स कांफ्रेंस के चेयरमैन सजाद गनी लोन और अन्य नेताओं को जिन्हें पहले रिहा कर दिया गया था, तब से घर में नजरबंद है इसे तुरंत खत्म किया जाना चाहिए।
उन्हाेंने कहा, “इसके अलावा सैकड़ों कार्यकर्ताओं जिनमें कुछ किशोर भी शामिल हैं। जम्मू-कश्मीर के भीतर और बाहर जेलों में बंद हैं उन्हें अब रिहा किया जाना चाहिए। इसके अलावा बिना किसी मुकदमे के कई कश्मीरी वर्षों से जेलों में बंद हैं उन्हें अदालतों में अपने बचाव के अवसर दिए जाने चाहिए।