नई दिल्ली, 28 मई भारतीय कंट्रोल बोर्ड () और अंतराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद () में टैक्स छूट विवाद के बीच बीसीसीआई ने कहा है कि भारत के हाथों से अगले वर्ष टी-20 छिनने का कोई खतरा नहीं है।

बीसीसीआई के कोषाध्यक्ष अरुण कुमार धूमल ने कहा है कि इस आयोजन के लिए टैक्स छूट हासिल करने में बोर्ड की विफलता के बावजूद टी-20 विश्व कप 2021की मेजबानी जाने का खतरा नहीं है। आईसीसी इवेंट्स कराने के लिए मेजबान देशों को मेजबान अनुबंध में टैक्स छूट हासिल करना जरूरी होता है और बीसीसीआई को 18 मई तक पुष्टि करनी थी कि उसने टैक्स छूट को हासिल कर लिया है।

भारत के हाथों से अगले वर्ष टी-20 विश्व कप की मेजबानी छिनने का कोई खतरा नहीं है
भारत के हाथों से अगले वर्ष टी-20 विश्व कप की मेजबानी छिनने का कोई खतरा नहीं है

बीसीसीआई ने कहा है कि भारत के हाथों से अगले वर्ष टी-20 विश्व कप की मेजबानी छिनने का कोई खतरा नहीं है।

क्रिकइंफो ने आईसीसी और बीसीसीएआई के बीच ईमेल की बातचीत का हवाला देते कहा था कि इस मुद्दे को लेकर आईसीसी ने टूर्नामेंट को स्थानांतरित करने की धमकी दी है। धूमल ने हालांकि कहा कि यह संभव नहीं होगा और बातचीत की प्रक्रिया जारी है। टूर्नामेंट को कोई खतरा नहीं है। उन्होंने कहा, “टूर्नामेंट के आयोजन को लेकर कोई खतरा नहीं है। हम आईसीसी के साथ इस पर बातचीत कर रहे हैं और हम इसका हल निकाल लेंगे।”

बीसीसीआई को इसी तरह की समस्या का सामना पिछली बार 2016 में टी-20 विश्वकप की मेजबानी में भी करना पड़ा था। बीसीसीआई ने उस वक्त टूर्नामेंट की मेजबानी के लिए सरकार से टैक्स में छूट की मांग की थी मगर बोर्ड की अपील के बावजूद सरकार के रूख में कोई बदलाव नहीं आया था।

आईसीसी के प्रवक्ता ने कहा, “विश्व स्तर के सफल आयोजन के लिये और क्रिकेट के खेल में निवेश करने के लिये समझौतों को तय समय सीमा में पूरा कराना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी होती है।