कोरोना वायरस ने दुनिया की महाशक्ति माने जाने वाले देशों की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की पोल खोल कर रख दी है। इटली, स्पेन के बाद अमेरिका भी उस लिस्ट में शामिल हो गया है जहां कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के मद्देनज़र जल्द ही अस्पताल में मरीजों के उपचार के लिए आवश्यक उपकरणों की कमी महसूस होने लगी है।
, कोरोना : न्युयोर्क के मेयर ने कहा वेंटिलेटर ख़त्म हुए, लोग मारे जाएंगे

अमेरिका में कोरोना संक्रमण के 34758 से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं जबकि देश के सभी बड़े शहरों में लॉकडाउन लागू किया गया है। न्यूयार्क के मेयर बिल डी ब्लासियो ने कहा कि अमेरिका में कोरोना के सबसे अधिक मामले न्यूयार्क में ही सामने आए हैं। उन्होंने कहा, ‘साफ कहूं, तो सिर्फ 10 दिन बाद वेंटिलेटर, सर्जिकल मास्क और उन चीजों की कमी हो जाएगी जो अस्पताल प्रणाली को चलाने के लिए आवश्यक हैं।’ उन्होंने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से अपील की कि वह तत्काल आवश्यक चिकित्सकीय आपूर्ति के वितरण एवं उत्पादन को बढ़ाने के काम में सेना को लगाएं।

डी ब्लासियो ने कहा, ‘यदि हमें आगामी 10 दिन में और वेंटिलेटर नहीं मिले तो लोग मारे जाएंगे।’ उन्होंने सचेत किया कि अभी ‘और बुरा समय आने वाला’ हैं और उन्होंने इस महामारी को 1930 की महामंदी के बाद का सबसे बड़ा घरेलू संकट करार दिया. मेयर ने संसद से कहा, ‘विमानन कंपनियों को आर्थिक मदद देने के बारे में अभी भूल जाइए। लोगों को आर्थिक मदद दीजिए। अस्पतालों को आर्थिक मदद दीजिए। शहरों, राज्यों और काउंटी को आर्थिक मदद दीजिए।’