, 18 जून (वार्ता) ने वायरस फैलाने के लिए के खिलाफ 45 लाख करोड़ रुपये के मुआवजे का मुकदमा अंतरराष्ट्रीय न्यायालय (आईसीजे) में दायर करने का निर्देश देने संबंधी याचिका पर सुनवाई से गुरुवार को इन्कार कर दिया और कहा कि यह कैसी याचिका है।

मुख्य न्यायाधीश शरद अरविंद बोबडे की अध्यक्षता वाली तीन-सदस्यीय खंडपीठ ने मुदरै निवासी के. के. रमेश की याचिका खारिज कर दी।

न्यायमूर्ति ने आश्चर्य भरे लहजे में कहा कि यह कैसी याचिका है? याचिकाकर्ता की ओर से वकील सी आर जय सुकिन पेश हुए। याचिकाकर्ता का कहना था कि न्यायालय को अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में चीन के खिलाफ मामला दर्ज करने का निर्देश दे।